हज सुविधा ऐप केंद्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री के कुशल मार्गदर्शन में बीआईएसएजी-एन द्वारा विकसित किया गया है। यह तीर्थयात्रा के अनुभव में गेम चेंजर साबित होगा। डिजिटल और मोबाइल प्रौद्योगिकियों का लाभ उठाते हुए हज सुविधा ऐप तीर्थयात्रियों को समस्त आवश्यक जानकारी और प्रशिक्षण मॉड्यूल, उड़ान विवरण, आवास, आपातकालीन हेल्पलाइन, स्वास्थ्य इत्यादि जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं तक सीधी पहुंच प्रदान करेगा। तीर्थयात्री अपनी आध्यात्मिक यात्रा पर ध्यान केंद्रित करने में सक्षम होंगे और उन्हें यात्रा, सामान, दस्तावेज़ आदि जैसी सामान्य बातों के बारे में परेशान नहीं होना पड़ेगा। यह ऐप तीर्थयात्रियों को उनकी यात्रा के दौरान आने वाली सामान्य समस्याओं का समाधान प्रदान करता है और विशेष रूप से उन तीर्थ यात्रियों के लिए वरदान साबित होगा जो पहली बार हज यात्रा पर जा रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री श्रीमती स्मृति जुबिन ईरानी ने हज गाइड-2024 भी जारी की, जिसे तीर्थयात्रियों के लिए हज सुविधा ऐप के उपयोग पर विशेष जोर देने के साथ तीर्थयात्रा के विभिन्न पहलुओं के बारे में जानकारी देने के लिए तैयार किया गया है। यह गाइड 10 भाषाओं में प्रकाशित की गई है जिसे सभी हज यात्रियों को जारी किया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री श्रीमती स्मृति जुबिन ईरानी ने अपने संबोधन में हज यात्रा को तीर्थयात्रियों के लिए पारदर्शी, एक समान, किफायती, सुरक्षित और आध्यात्मिक रूप से संतुष्टि देने वाला अनुभव बनाने के लिए और तीर्थयात्रियों से सीधे प्रतिक्रिया लेने सहित भारत सरकार द्वारा किए गए प्रयासों की विस्तृत श्रृंखला का वर्णन किया। लेडीज विदआउट मेहरम (एलडब्ल्यूएम) श्रेणी के तहत तीर्थयात्रियों का बढ़ा हुआ उत्साह और भागीदारी हज को समावेशी और सुलभ बनाने की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण है। हज सुविधा ऐप तीर्थयात्रियों द्वारा सुविधाओं तक बेहतर पहुंच और त्वरित शिकायत निवारण और आपातकालीन प्रतिक्रिया के साथ बेहतर प्रशासनिक समन्वय और नियंत्रण सुनिश्चित करेगा। उन्होंने प्रशिक्षण के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने प्रशिक्षकों का प्रत्येक हज यात्री को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और आरामदायक तरीके से हज करने के लिए प्रशिक्षित करने के उद्देश्य से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करने का आह्वान किया।प्रशिक्षण में सुधार के उद्देश्य से प्रति तीर्थयात्री प्रशिक्षकों की संख्या पहले के एक और 300 के अनुपात से बढ़ाकर एक और 150 के अनुपात में कर दी गई है। यह भारत के तीर्थयात्रियों के लिए एक पूर्ण हज अनुभव प्रदान करने में काफी मददगार सिद्ध होगा।