भीनमाल में ब्रह्माकुमारीयों ने मनाया रक्षाबंधन: जेल के बंदियों से लेकर संत-महात्माओं तक बांधा पावन रक्षा सूत्र
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बीके गीता दीदी ने दिया आत्मिक तिलक, आत्मिक कमजोरियों को स्वाहा करने और व्यसन मुक्त जीवन का कराया संकल्प भीनमाल-आज रक्षाबंधन के पावन पर्व पर ब्रह्माकुमारी राज योग केंद्र, भीनमाल के द्वारा क्षेत्र में विभिन्न सेवाएं की गई। सेवा केंद्र पर सभी जुड़े हुए जिज्ञासुओं को पावन रक्षा सूत्र बांधा गया और कोई न कोई आत्मिक कमजोरी को स्वाहा करने का दान करने का आह्वान किया गया। बीके गीता दीदी ने सभी को आत्मिक स्मृति का तिलक लगाया एवं परमात्मा का पावन रक्षा सूत्र बांधा।
उपकारागृह (जेल) में विशेष कार्यक्रम-
भीनमाल उपकारागृह में भी बहनों द्वारा सभी बंदियों को रक्षा सूत्र बांधा गया। इस दौरान भीनमाल विकास परिषद का ग्रुप भी साथ रहा। बीके गीता बहन ने सभी बंदियों को जीवन को उत्थान की ओर ले जाने की प्रेरणा दी, व्यसन मुक्ति की प्रतिज्ञा कराई और कहा कि जीवन में कर्म ही सच्ची पूंजी है, इसलिए धन या अन्य लालच में न पड़कर कर्मों को श्रेष्ठ बनाना चाहिए।
जागनाथ महादेव मंदिर में कार्यक्रम:
विनायक नगर स्थित जागनाथ महादेव मंदिर के प्रांगण में भी रक्षाबंधन कार्यक्रम मनाया गया, जिसमें एडवोकेट दिनेश हिंगड़ा, जगदीश जी आदि ने विशेष योगदान दिया। बहनों ने उपस्थित जनता को रक्षा सूत्र बांधते हुए मन को शांत रखने, परिवार को सुखमय बनाने के लिए सात्विक भोजन, वाणी पर नियंत्रण एवं संबंधों की गरिमा का महत्व बताया। नशा मुक्ति अभियान की जानकारी देकर संकल्प भी कराया गया।
संत-महात्माओं को रक्षा सूत्र:-
रक्षाबंधन के अवसर पर भीनमाल क्षेत्र के विभिन्न संतों को भी बीके गीता दीदी द्वारा रक्षा सूत्र बांधा गया।
– गजीपुरा मठ के मंडलेश्वर महादेव के श्री श्री 1008 महंत प्रेम भारती जी महाराज एवं उनके मठ के अन्य सदस्यों को रक्षा सूत्र बांधा गया।
– पुनासा मठ के महंत श्री श्री 1008 बाबू गिरी जी महाराज को भी रक्षा सूत्र बांधा गया।
– कोड़ी दूधेश्वर महादेव मठ में श्री श्री 1008 महंत काशीनाथ जी महाराज को भी बहनों ने रक्षा सूत्र बांधा।
– बायोसा मंदिर के महेंद्र गिरी जी महाराज एवं अन्य गांवों के स्थानीय लोगों के साथ भी रक्षाबंधन मनाया गया।
कार्यक्रम में प्रेम, पवित्रता और भाईचारे का संदेश दिया गया।
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